Veeru Katheriya Advocate

Veeru Katheriya Advocate Legal service Advisor For Friends

17/05/2026

क्या इतने ही वकीलों फर्जी हैं जितने CJI कल्पना कर बैठे ! है क्या इतने ही शिक्षित बेरोजगार निष्काम हैं जो सोसल मीडिया पत्रकार और RTI activist बन बैठे :- जी नहीं आज भारत मे सबसे अधिक रोजगार देने वाले देने वाले रेलवे से दो गुने वकील हैं जबकि इनमे दो वक्त की रोटी 40% नहीं चला पा रहे क्योंकि 100-200 रुपये पर जूनियर बनकर रहते 20% मात्र घर चला पाते और 0.1% ही धनाड्य हैं। वकालत कर लेने पर सरकार हर बेरोजगार वकील को रोजगार की श्रेणी में डालकर और अपने बेरोजगारी के आंकड़े छुपा लेती। जबकि 2014 के बाद सरकार ने रोजगार और आमदनी दोनो छीनी है अब पढ़ा लिखा युवा कहां जाय सोसल मीडिया या पत्रकार भी न बने सबसे ज्यादा बेरोजगार तो RSS मे जाने वाले युवा हैं जिन्हें सुबह शाम शाखा लगाने ,हिन्दू मुस्लिम कराने मे लगाकर राष्ट्र सेवा करने का थोथा पाठ पढ़ाया जाता है जबकि घर मे धेला कमा कर नहीं देते वहीं उनके घरवालो को भी कान फूक दिया जाता कि आपकी औलाद राष्ट्र सेवा कर रही जबकि वह कही न कही हिन्दू मुसलमान ,हिन्दू ईसाई मे नफरत के बीज बो रहा होता है । वहीं बार काउंसिल ऑफ इण्डिया ने थोक मे लॉ कालेज खोलने का लाइसेंस बाटे इससे उसे कमाई भी होती होगी और हर छोटे से छोटे जिले मे दो चार लॉ कालेज खुल गये अब बेरोजगार क्या करे बेचारा तो LLB ही करेगा न ताकि शादी ही हो जाय और निकम्मा न कहलाये। मी‌‌ लॉड युवा बेरोजगारी और निकम्मेपन‌ के लेवल से बचने के लिए लॉ कर रहे या पढ़ रहे इसलिए वकालत के‌ पेसे मे क्लाइण्ट से अधिक वकीलो की संख्या बढ़ रही चूकि सरकार राष्ट्रवाद के नाम से चल तही और मी लॉड इसी हिन्दुत्व वादी राष्ट्रवादी सरकार के एहसानमन्द भी नजर आते और इनकी बड़ाई भी करते तो कौन बेरोजगार युवा अपनी पसन्दीदा सरकार के खिलाफ बेरोजगार खत्म करने को मोर्चा खेलेगा वो सोचता कि अखिलेश यादव व राहुल गांधी सरीखे विपक्ष चिल्लायें और मोदी रोजगार दे दें और सरकार RSS वादी ही रहे । आप इसी अपनी विचारधारा के बेरोजगारो को कॉकरोच कह बैठे मगर चिंता न करें आप भी राष्ट्रवादी सरकार के खिलाफ नहीं इसलिए ये युवा आपका भी कत्त ई विरोध न करेंगे ।--वीरू कठेरिया एडवोकेट , इटावा।

08/05/2026

अगर भाजपा के पास 10 विधायक भी होते तो राज्यपाल उन्हें खुद से बुलाकर सरकार बनाने का न्योता दे देता। ये है नया भारत यहां सरकार सिर्फ भाजपा को बनाना Allowed है, जनमत कोई मायने नहीं रखता

07/05/2026
07/05/2026

Vladimir Lenin (1870–1924) 20वीं सदी के सबसे प्रभावशाली क्रांतिकारी नेताओं में से एक थे। उन्होंने 1917 की रूसी क्रांति का नेतृत्व किया और दुनिया के पहले समाजवादी राज्य सोवियत संघ की स्थापना की। वे केवल राजनेता नहीं, बल्कि मजदूरों, किसानों और शोषित वर्ग के अधिकारों की लड़ाई के प्रतीक माने जाते हैं।
लेनिन के प्रमुख कार्य
जारशाही और पूंजीवादी शोषण के खिलाफ संघर्ष किया।
1917 की बोल्शेविक क्रांति का नेतृत्व किया।
जमीन, बैंक और बड़े उद्योगों का राष्ट्रीयकरण किया।
किसानों को जमीन देने और मजदूरों के अधिकार बढ़ाने की कोशिश की।
1919 में कम्युनिस्ट इंटरनेशनल (Comintern) की स्थापना की, ताकि दुनिया भर में उपनिवेशवाद और शोषण के खिलाफ आंदोलन मजबूत हो सकें।
भारतीय क्रांतिकारियों पर प्रभाव
Bhagat Singh लेनिन और मार्क्सवादी विचारों से गहराई से प्रभावित थे। उनकी संस्था HRA का नाम बदलकर HSRA रखा गया, जिसमें “सोशलिस्ट” शब्द जोड़ा गया। कहा जाता है कि फांसी से पहले भी भगत सिंह लेनिन की जीवनी पढ़ रहे थे।
M. N. Roy को लेनिन ने मॉस्को बुलाया था और उपनिवेशों में क्रांति पर चर्चा की थी। लेनिन के प्रभाव से भारत में समाजवादी और कम्युनिस्ट विचारधारा मजबूत हुई।
Jawaharlal Nehru, Subhas Chandra Bose, प्रेमचंद और निराला जैसे कई भारतीय नेता और लेखक भी रूसी क्रांति और लेनिन के विचारों से प्रभावित थे।
निष्कर्ष
लेनिन ने दुनिया को यह संदेश दिया कि संगठित मजदूर, किसान और शोषित लोग किसी भी बड़े साम्राज्य को चुनौती दे सकते हैं। उनके विचारों ने भारत के स्वतंत्रता आंदोलन और समाजवादी सोच को नई दिशा दी।

26/04/2026

Address

Etawah
206001

Telephone

+918384898850

Website

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Veeru Katheriya Advocate posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Practice

Send a message to Veeru Katheriya Advocate:

Share

Category